प्राइम टाइम

प्राइम टाइम - एमपी के 72 प्रतिशत विधायक करोड़पति

Posted by Divyansh Joshi on



समाजसेवा के लिए राजनीति में कदम रखने वाले नेता अब खादीधारी नहीं रहे, समय के हिसाब से अब राजनीति के मायने भी बदल गए| राजनीति को अब कैरियर के रूप में देखा जाता है| जिसमे राजमहल से लेकर उद्योगपति घराने के लोग मैदान में दिखाई देते हैं| इतना ही नहीं राजनीति को विरासत के रूप में उपयोग किया जाता रहा है| मध्य प्रदेश की बात करें तो यहां करोड़पति विधायकों की संख्या बढ़ती ही जा रही है| प्रदेश 230 विधायकों में से 72 प्रतिशत विधायक करोड़पति हैं| 14 वीं विधानसभा में करोड़पति विधायकों की संख्या दोगुनी हो गई है| 2008 विधानसभा में महज 38 प्रतिशत विधायक ही करोड़पति थे। मध्यप्रदेश इलेक्शन वाच और एसोसिएशन फार डेमोक्रेटिक रिफार्मस (एडीआर) ने वर्तमान विधानसभा के 230 करोडपति विधायकों में से 225 विधायकों की शपथ पत्र में घोषित संपत्ति का विश्लेषण किया है| तकनीकी कारणों से 5 विधायकों के शपथ पत्रों का विश्लेषण नहीं किया गया| ये विधायक हैं, रणजीत सिंह गुणवान, मालिनी गौड़, भूपेंद्र सिंह, जयवर्धन सिंह, नीलम मिश्रा| मप्र इलेक्शन वॉच की रिपोर्ट के मुताबिक मप्र के हर विधायक के पास औसतन सवा पांच करोड़ रुपए की संपत्ति है, जबकि 2008 में चुने गए विधायकों की औसत संपत्ति करीब डेढ़ करोड़ रुपए थी। रिपोर्ट के मुताबिक प्रदेश के 72 प्रतिशत विधायक करोड़पति हैं। रिपोर्ट के मुताबिक 2008 के मुकाबले 2013 में मप्र विधानसभा में करोड़पति विधायकों की संख्या 34 प्रतिशत बढ़ गई। 2008 में सिर्फ 84 विधायक करोड़पति थे, जबकि 2013 की विधानसभा में 161 विधायक करोड़पति हैं। संपत्ति के मामले में भाजपा और कांग्रेस के विधायकों की स्थिति लगभग एक जैसी है। भाजपा के प्रत्येक विधायकों की औसतन संपत्ति करीब साढ़े पांच करोड़ है तो कांग्रेस के विधायकों की औसत संपत्ति पांच करोड़ रुपए है।

रिपोर्ट के मुताबिक भाजपा के 162 विधायकों में से 73 प्रतिशत विधायक करोड़पति हैं। वहीं कांग्रेस के 56 विधायकों में 71 प्रतिशत विधायक करोड़पति हैं। निर्दलीय 3 विधायकों में से 2 विधायक करोडपति हैं, वहीं बीएसपी के 4 विधायकों में से 1 विधायक करोडपति हैं| भाजपा में प्रति विधायक औसत संपत्ति 5.37 करोड़ रुपए है। वहीं कांग्रेस में प्रति विधायक औसत संपत्ति 4.95 करोड़ रुपए है। बसपा विधायकों की औसत संपत्ति 3.22 करोड़ रुपए है। रिपोर्ट के मुताबिक सर्वाधिक घोषित संपत्ति वाले मुख्य 3 विधायकों में विजयराघवगढ़ से भाजपा विधायक संजय पाठक की संपत्ति 141 करोड़ रु. है और पाठक मध्य प्रदेश के सहसे अमीर विधायक है । सबसे कम संपत्ति वाले विधायकों में इंदौर-3 विधानसभा क्षेत्र से भाजपा विधायक ऊषा ठाकुर ने सबसे कम संपत्ति की घोषणा की है। उन्होने अपनी संपत्ति 1लाख 38 हजार रुपए बताई है ।

वहीं इसके अलावा कुछ रोचक तत्थ भी हैं जो आपको जानने जरुरी है , कुल 19 विधायक ऐसे है जिन्होंने अपने परमानेंट अकाउंट नंबर (पैन) का ब्यौरा नहीं दिया है। ऐसे हैं इसमें से 5 विधायक ऐसे है जिन्होंने उनकी संपत्ति करोड़ों में बताई पर पैन कार्ड की घोषणा नहीं की | वहीं 24 प्रतिशत विधायकों ने घोषणा की है कि उन्होंने अपने आयकर रिटर्न नहीं जमा किए हैं।