प्राइम टाइम

प्राइम टाइम - घोषणा पत्र विश्लेषण

Posted by Divyansh Joshi on



मध्य प्रदेश विधानसभा के लिए चुनावी महाभारत प्रारंभ हो चुका है। एक हफ्ते बाद मतदान कर जनादेश दे दिया जाएगा कि कौन सत्ता संभालेगा। और कौन घर बैठेगा । मतदाताओं के मन को छूने के लिए जहां भाजपा ने अपना घोषणापत्र समृद्ध मध्य प्रदेश दृष्टि पत्र जारी किया और महिलाओं के लिए अलग से नारी शक्ति संकल्प पत्र जारी किया है वही कांग्रेस ने वचन पत्र प्रस्तुत कर प्रदेश की जनता से सेवा का अवसर चाहा है । वहीं इस बार चुनाव में युवा मतदाता सबसे अधिक है । कुल मतदाता का 57.09 प्रतिशत युवा इस बार चुनाव में सरकार बनाने के लिए मतदान करेगा ।
वहीं अगर प्रदेश की दोनो मुख्य पार्टियों के घोषणा पत्र की बात करें तो कांग्रेस ने जहां हर साल 1 लाख युवाओं को रोजगार देने की बात कही है तो वहीं दूसरी ओर भाजपा ने हर साल 10 लाख युवाओं को रोजगार की बात कही है , लेकिन भाजपा के इस दावे में संशय इसलिए बन सकता है क्योंकि इसके पहले ही केंद्र और प्रदेश की सरकारों ने रोजगार सर्जन पर कुछ ज्यादा काम नहीं किया ।
कांग्रेस के वचन पत्र में जहां 2 लाख रुपए तक का कर्ज माफ करने की बात कही है वहीं भाजपा ने कर्ज माफी की बात तो नहीं की पर इसका तोड़ निकालते उन्होने लघु और सीमांत किसान जिनके पास 5 एकड़ तक जमीन है उनके खाते में प्रति क्विंटल के हिसाब से राशि जमा करनी की बात कही है । प्रदेश में 85 लाख से ज्यादा किसान है लेकिन अगर कांग्रेस सत्ता में आ गई तो उसे 78000 करोड रुपए का कर्ज माफ करना पड़ेगा । यह इसलिए भी मुश्किल है क्योंकि प्रदेश में वैसे ही पौने दो हजार करोड़ का कर्ज है लेकिन कांग्रेस को अपनी इज्जत बचाने के लिए कर्ज माफ करना ही पडे़गा हालांकि इससे पहले भी कांग्रेस पंजाब और कर्नाटक में ऐसा कर चुकी है । जिससे यह लगता है कि कांग्रेस अगर प्रदेश में सरकार बनाती है तो किसानो का कर्ज जरुर माफ करेंगी ।
वहीं कांग्रेस के वचन पत्र में शिक्षा की बात की जाए तो कांग्रेस ने कन्याओं की संपूर्ण शिक्षा निशुल्क करने की बात कही है भाजपा ने इसका विकल्प
निकालते हुए गरीबों की पूरी शिक्षा निशुल्क करने की बात कही है इसमें मुख्यमंत्री मेधावी छात्र योजना में पढाई के सारे खर्चों के साथ हॉस्टल के अलावा सभी तरह के खर्च भी सरकार वहन करेगी ।
लोकलुभावन घोषणा पत्रों में कांग्रेस ने जहां राम नाम और गौ माता का जिक्र किया है तो इस बार भाजपा के घोषणा पत्र में राम और गाय दोनों ही मुद्दे गायब है ।
इन सब के अलावा जो सबसे मुख्य बात घोषणापत्र में की गई है वह औद्योगीकरण को लेकर है। कांग्रेस ने जहां स्थानीय लोगों को रोजगार देने और मेड इन मध्य प्रदेश की बात कही है, तो वहीं भाजपा ने मध्य प्रदेश में 5 लाख करोड़ निवेश करवाने की बात कही है । हालांकि प्रदेश में इनके अलावा भी कई पार्टियां चुनाव लड़ रही है और उन्होने भी अपने घोषणा पत्र भी जारी किए लेकिन प्रदेश में भाजपा और कांग्रेस ही दो मुख्य पार्टियां है जिनके बीच में टक्कर है । इस घोषणा पत्र में सारे लोकलुभावन वादे और घोषणाएं तो की गई है लेकिन सरकार बनने के बाद इनमें से कितनी घोषणाएं पूरी हो पाएंगी यह तो वक्ता ही बताएगा ।